रिंग रोड से गुरुवार की रात एक बस अपहृत करने वाले तीन आरोपियों को खजराना पुलिस ने पकड़ लिया है। एक आरोपी तो दूसरी बस के चेकर का भाई है, जबकि दो नाबालिग हैं। इनका एक और साथी फरार है। पुलिस ने सभी के खिलाफ लूट व अन्य धाराओं में केस दर्ज किया है। उधर, तिलक नगर पुलिस ने भी इनके खिलाफ एक केस दर्ज किया है।
खजराना पुलिस के अनुसार पकड़ा गया मुख्य आरोपी वरुण पथरोड़ निवासी रवि जागृति नगर और उसके दो साथी हैं। आरोपियों ने बुधवार को पहले एक बस को रोका और उसमें उत्पात मचाया था। फिर पता चला कि जिस बस को रोका है, वह उनके भाई के दुश्मन की नहीं है। उन्होंने दूसरी बस ओम सांई राम ट्रेवल्स को रोका। उसके ड्राइवर और कंडक्टर को पीटने के बाद बस अपहृत कर ले गए। बाद में बस मानवता नगर में छोड़ दी थी।
गुस्से में दोस्तों को लेकर निकल पड़ा
पुलिस के अनुसार वरुण का भाई सौरभ एक बस पर काम करता है। दो दिन पहले सौरभ ने देवास के फरदीन और राजा (दोनों ओम सांई राम के स्टाफ) के खिलाफ केस दर्ज करवाया था। सौरभ नगर निगम की बस की देखरेख और चेकिंग का काम करता है। उसने बताया था 4 अप्रैल की रात रेडिसन चौराहे के पास सूत्र सेवा बस की सवारी चेक कर रहा था। पीछे से ओम सांई राम बस आई तो उसके ड्राइवर-कंडक्टर इसकी सवारी अपनी बस में बैठा ली। सौरभ ने विरोध किया तो उसे जमकर पीट दिया। साथ ही सौरभ की गाड़ी भी फोड़ दी थी। सौरभ ने शिकायत दर्ज करवाने के बाद यह बात अपने भाई को बताई थी। वह इसी का बदला लेने के लिए अपने दोस्तों को लेकर गुस्से में आया था।
पहली बस अपहृत करने पर भी दर्ज किया केस
रिंग रोड पर बस लूटने के मामले में तिलक नगर पुलिस ने भी एफआईआर दर्ज की है। एसआई सुरेंद्रसिंह ने बताया कि बदमाशों ने ओम सांई बस की गफलत में उसी ट्रैवल की दूसरी बस में तोड़फोड़ कर स्टाफ को पीटा था। पुलिस ने अमित कुमावत निवासी देवास की शिकायत पर सौरभ पथरोड़, वरुण पथरोड़, उसके नाबालिग साथियों के खिलाफ केस दर्ज किया है।
सवारियों को भी पीटने का आरोप
फरियादी ने बताया वे देवास तरफ जा रहे थे, आरोपियों ने कृषि कॉलेज के पास हमारी बस रोकी और बैठ गए। फिर धमकाते हुए बस पासपोर्ट ऑफिस के सामने ले गए। वहां मुझे व हेल्पर इमरान को पीटा। सवारियों को उतारा और बोले यह देवास नहीं जाएगी। कुछ सवारियों ने कहा देवास नहीं जा रहे तो हमें किराया लौटा दो। इस पर आरोपियों ने कुछ सवारियों को भी पीटा। इमरान नजर बचाकर भाग गया। फिर बदमाश मुझे मारते हुए बायपास तक लाए और वैलोसिटी टॉकिज के पास बस सहित छोड़ दिया। इन्होंने मेरा व गाड़ी का वीडियो बनाया, मुझसे बुलवाया कि मेरे साथ कोई मारपीट नहीं की है। लड़के बोल रहे थे कि भिया अपन ने गलत बस अपहृत कर ली है। इस पर उन्होंने वायर निकालकर कैमरा बंद कर दिया था। मैंने कंडक्टर राकेश को कॉल किया, वह मुझे देवास ले गया।

Author: liveindia24x7



